परहित सरिस धरम नहिं भाई ।पर पीड़ा सम नहिं अधमाई ।।
भोपाल में। जनता की आकांक्षाओं एवं क्षेत्र के समग्र विकास को साकार करने मेरा निरंतर प्रयास जारी रहेगा।