परहित सरिस धरम नहिं भाई ।पर पीड़ा सम नहिं अधमाई ।।
भितरवार सर्किट हाउस पर आमजन से भेंट कर उनकी समस्याएँ की सुना एवं तत्काल अधिकारीओ से बात कर शीघ्र समाधान का आश्वासन दिया।