परहित सरिस धरम नहिं भाई ।पर पीड़ा सम नहिं अधमाई ।।
भितरवार सर्किट हाउस पर रात्रि प्रवास के दौरान सिख समाज एवं भाजपा कार्यकर्ताओं से भेंट कर उनकी समस्याओं को सुना एवं अधिकारियों से बात कर तत्काल निराकरण कराया।।